LEKHNI
APNI BAAT
KAVITA AAJ AUR ABHI
KAVITA DHAROHAR
MAAH VISHESH
MAAH KE KAVI
RANG TARANG
SANSKRITI
LALIT
MANTHAN
RAAGRANG
KAHANI DHAROHAR
KAHANI-SAMKALEEN
KAHANI SAMKALEEN
LAGHU KATHA
PARICHARCHA
PARYATAN
CHAUPAL
CHAND PARIYAN +TITLI
VIVIDHA
MY COLUMN
INSPIRATIONAL
FAVOURITES FOREVER
POETRY HERE & NOW
STORY
DISCOURSE
KIDS' CORNER
SADA SAATH
KAVI-SAMKALEEN
KIRTI STAMBH
LEKHAK SAMKALEEN
OLD  MASTERS
WRITERS
SCANNING THE FAVOURITES
POETS
SANKALAN
OLD ISSUES
AAPKE VICHAR
WRITE YOUR COMMENTS
CONTACT US
   
 


                                                                                                                       सहयोगी कवि.

 



*अखिलेश कुमार

वजूद ( लेखनी अंक-16-वर्ष-2-जून-2008)



* अगेन्द्र

दीपपर्व (लेखनी अँक-32-अक्तूबर -2009) 



*अनामिका


आंचल से वात्सल्यमयी मां की तरह समाज की कुसंगतियों को पोंछ देने वाली बेहद संवेदनशील कवियत्री अनामिका की बेबाक, कुछ कर गुजरने की ललक लिए कविताएं पाठक के मन को छू देती हैं...


नारी मन ( लेखनी-अंक 26-वर्ष 3-अप्रैल 2009)

1. चौका

2. मौसियां

3. एक औरत का पहला राजकीय प्रवास

4. स्त्रियां

5. बेजगह



*अनिल जनविजय


जन्म : 28 जुलाई 1957, बरेली, उत्तरप्रदेश। 1982 से मास्को में। फिलहालमास्को विश्वविद्यालय में रूसी छात्रों को हिन्दी साहित्य का अध्यापन और रेडियो रूस में प्रोड्यूसर।अन्तर्जाल पर कविता कोश (www.kavitakosh.org) और गद्यकोश (www.gadyakosh.org) का सम्पादन।
हिन्दी में तीन कविता-संग्रह प्रकाशित। दर्जनों रूसी और अन्य विदेशी कवियों का हिन्दी में अनुवाद। 

कविता धरोहर

अनुवाद- तीन कविताएं- विचिस्लाव ग्लेबाविच कुप्रियानफ़

कवि, कथाकार और साहित्यिक अनुवादक विचिस्लाव कुप्रियानफ़ का जन्म १९३९ में नवासिबीर्स्क नगर में हुआ। १९५८ से १९६० तक वे लेनिनग्राद के उच्च नौसेना कॉलेज में हथियार इंजीनियरिंग की शिक्षा लेते रहे। फिर १९६७ में उन्होंने मास्को विदेशी भाषा संस्थान के अनुवाद संकाय से एम.ए. किया। लंबे समय तक वे खुदोझेस्तविन्नया लितरातूरा' (ललित साहित्य) प्रकाशन गृह के लिए अनुवाद और संपादन का कार्य करते रहे। फिर सोवियत लेखक संघ में कार्यरत रहे। इसके अलावा राष्ट्रीय किशोर पुस्तकालय द्वारा आयोजित 'लाल परचम' साहित्य-सभा के संयोजक रहे।
विचिस्लाव कुप्रियानफ़ ने छात्र जीवन से ही अनुवाद करना शुरू कर दिया था। सबसे पहले उन्होंने रेनर मारिया रिल्के की कविताओं का मूल जर्मन से रूसी भाषा में अनुवाद किया। इसके अलावा सीधे जर्मन, अंग्रेज़ी, फ्रांसिसी और स्पानी भाषाओं से 'ललित साहित्य' प्रकाशन गृह के लिए उन्होंने दर्जनों कवियों की ढेरों पुस्तकों के अनुवाद किए। अरमेनियाई, लातवियाई, लिथुआनियाई तथा एस्तानियाई लेखकों की रचनाओं का भी रूसी में अनुवाद किया।
१९६१ में विचिस्लाव कुप्रियानफ़ की कविताएँ पहली बार प्रकाशित हुईं। १९७० से वे गद्य भी लिखने लगे। १९८१ में उनका पहला कविता-संग्रह प्रकाशित हुआ, जिसका शीर्षक था- 'सीधे-सीधे'। आलोचकों ने बड़े जोश-खरोश से इस किताब का स्वागत किया। जल्दी ही सभी यूरोपीय भाषाओं में इनकी कविताओं के अनुवाद छपने लगे। हिंदी की पत्रिकाओं में सबसे पहले १९८४-८५ में अनिल जनविजय ने और फिर १९९० के आसपास वरयाम सिंह ने कुप्रियानफ़ की कविताओं के अनुवाद प्रकाशित कराएँ। श्रीलंका में इनकी कविताओं की एक पुस्तक तमिल भाषा में प्रकाशित हो चुकी है। अब तक तीस से ज़्यादा भाषाओं में विचिस्लाव कुप्रियानफ़ की कविताएँ प्रकाशित हुई हैं। कुप्रियानफ़ को रूसी आलोचक रूस में छंद रहित नई कविता का प्रवर्तक मानते हैं।

अनेक अंतर्राष्ट्रीय पुस्तक मेलों में बेहद चर्चित रहने वाले कुप्रियानफ़ के अन्य कविता-संग्रह हैं- २००२ में प्रकाशित 'दाइचे दागवारित्च' (पूरी बात को कहने दीजिए) और २००३ में प्रकाशित 'लूचशिए व्रेमिना' (बेहतर समय)। विचिस्लाव कुप्रियानफ़ रूस में कविता-महोत्सवों के आयोजक के रूप में भी जाने जाते हैं।



1. गायन पाठ-1

2. गायन पाठ-2  

3.खून का रिश्ता                                                                                                                                   



* अनिल जोशी

1. उसके दिल की हर धड़कन में  (लेखनी अंक-12- फरवरी 2008)

2.मां के हाथ का खाना (लेखनी अंक-13-वर्ष-2-मार्च-2008) 

3. सीता को सोने का मृग चाहिए (लेखनी अंक-20-वर्ष-2-अक्तूबर-2008)

माह के कवि ( लेखनी-अंक-25- वर्ष-3 -मार्च-2009)

4. लन्दन के दोहे

5. दुम

6. हिन्दी साहित्य के गब्बर सिंह



* अनिल त्रिपाठी ( अग्निवेद)

1. प्रतिबद्धता (लेखनी अंक 29- जुलाई 2009)

2. पानी (लेखनी अंक 29- जुलाई 2009)




* अमर साहनी

मेरी शुरू से ही (लेखनी-जून-2009)




* अरुण  अस्थाना 

 1.प्यार न लिखना (लेखनी-अंक-2-अप्रैल-2007)

2.कहीं            (लेखनी- अंक-2-अप्रैल-2007)

 

* अरुणा घवाना 

1. समय ( लेखनी-अंक-11-जनवरी-2008) 


* अलका सिन्हा

शहर में नदी  (लेखनी-जुलाई-अंक-5-वर्ष-2) 



*अशोक गुप्ता 




वह एक पल  ( लेखनी- जून-2009)

बड़ा विनिमय ( लेखनी- जून-2009)

मेरा तुम तक आना ( लेखनी- जून-2009)



*असंग घोष 

ओ प़ृथ्वी लेखनी (अंक 10, वर्ष 2 दिसंबर 2008)


 

 

*  अशोक कुमार वशिष्ठ

प्यार के रूप ( लेखनी अंक 12- फरवरी 2008)

 

           


*अहमद फराज़

 उर्दू के सबसे लोकप्रिय और चर्चित शायर हैं। उनकी शायरी और शोहरत की बुलन्दियों हिन्दुस्तान में भी शिखर पर हैं। लाहौर,कराची,दिल्ली और लन्दन तक उनकी गजलों और नज्मों को बड़े शौक से पढ़ा और सुना जाता है। दरअसल उनकी शायरी आम लोगों के दुःख दर्द,हँसी-खुशी, राग-विराग की अभिव्यक्ति हैं। उनकी लोकप्रियता आज शिखर चूम रही है और करीब करीब सभी गजल की दुनिया के बड़े नामों ने आपकी नज्मों को अपनी आवाज दी है। अपने बारे में फराज़ साहब ने सही ही लिखा है।

""मुझे इसका ऐतराफ़ करते हुए एक निशात-अंगेज़ फ़ख़्र महसूस होता है कि जिस शायरी को मैंने सिर्फ़ अपने जज़्बात के इज़हार का वसीला बनाया था इसमें मेरे पढ़ने वालों को अपनी कहानी नज़र आई और अब ये आलम है कि जहाँ-जहाँ भी इन्सानी बस्तियाँ हैं और वहाँ शायरी पढ़ी जाती है मेरी किताबों की माँग है और गा़लिबन इसलिए दुनिया की बहुत सी छोटी-बड़ी जु़बानों में मेरी शायरी के तर्जुमे छप चुके हैं या छप रहे हैं। इस मामले में मैं अपने आपको दुनिया के उन चन्द ख़ुशक़िस्मत लिखने वालों में शुमार पाता हूँ जिन्हें लोगों ने उनकी ज़िन्दगी में ही बे-इन्तिहा मोहब्बत और पज़ीराई बख़्शी है। "
 

 अबके बिछड़े तो शायद कभी ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)



आचार्य सरथी रूमी

नए आसमाँ की तलाश में (लेखनी अँक-32-अक्तूबर -2009) .



*इन्दु जैन

जानना जरूरी है -(लेखनी-अंक-26-वर्ष-3-अप्रैल-200)



*इला कुमार

माह की कवियत्री - मार्च 2008

नन्ही चिड़िया (लेखनी अंक-13-वर्ष-2-मार्च-2008)

जिद मछली की (लेखनी अंक-13-वर्ष-2-मार्च-2008)

फूल चांद और रात (लेखनी अंक-13-वर्ष-2-मार्च-2008)

कार्तिक का पहला गुलाब  ( लेखनी -अंक-21-नवंबर -2008)



*इला प्रसाद  (यू.एस.ए.)

स्त्री (लेखनी-अंक-26-वर्ष-3-अप्रैल-200)


*उज्ज्वल भट्टाचार्य

कविता धरोहर ( लेखनी-दिसंबर-2009)

अनुवादः तीन कविताएं- बर्तोल्त ब्रेख्त:


बर्तोल्त ब्रेख्त: रंगकर्मी, कवि , लेखक और आलोचक ब्रेख्त का साहित्य जनचेतना का साहित्य था जो सोचने और समझने को मजबूर करता है, कुछ करने की इच्छा जगाता है।  

1. द्वंदात्मकता की प्रशस्ति

2. बछड़ों का कूच

3. दलदल


*उषा राजे सक्सेना (यू.के.)

1. सन्नाटा (लेखनी-अँक-7-सितंबर-2007)





*एच. आर चिराग

मां मुझे भी उगने दे ( लेखनी-अप्रैल-2008-अँक-14)


*ऋषभ देव शर्मा

घर बसे हैं (लेखनी अंक-13-वर्ष-2-मार्च-2008) 

मुझे पंख दोगे (लेखनी अंक 27 -मई-2009) 


* डॉ. कमलेश द्विवेदी



          119/ 427 दर्शनपुरवा

          कानपुर-208012 ( उत्तर प्रदेश, भारत)
          मो. 09415474674

         08081967020

मैं भी जल्दी पापा बन जाऊँ ( लेखनी-जनवरी-2010)



*  कन्हैया लाल बाजपेयी

1. एक कहानी हो बादल (लेखनी-अँक 5-जुलाई-2007) 



* किशोर काला

जीवन के रंग ( लेखनी अंक 33-नवंबर-2009)



* कुंअर बेचैन 

 1 जुलाई 1942

 


सरस व भावपूर्ण गीत व ग़ज़लों से मंच पर छा जाने वाले कुंअर बेचैन का आज देश-विदेश दोनों ही जगह तहे दिल से स्वागत किया जाता है।   

 

1. बन्द होठों में छुपा लो ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

2. जिन्दगी यूँ भी जली ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

3. है समय प्रतिकूल माना ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)


*कुसुम  अग्रवाल

विवाह   ( लेखनी-अंक-19- सितंबर 2008)


*कुसुम  भट्ट

इस समय (लेखनी अंक 27 -मई-2009) 


* कुसुम सिन्हा

1.गर तुम गुलाब होते ( लेखनी-अंक-19- सितंबर 2008)

2.तुम्हारी हंसी ( लेखनी -अंक-21-नवंबर -2008)

3. तुम नहीं आए ( लेखनी -अंक-21-नवंबर -2008)

4.बनकर सुगंध..(लेखनी-अंक 24-फरवरी-2009)

5. आजकल चीटियां (लेखनी-अंक-25-मार्च-2009)


केशव शरण

बता भी दे ( लेखनी-फरवरी-2010)


 

  



*कवि कुलवंत

1. प्रभात  ( लेखनी-अंक-11-जनवरी-2008)

2. होली के रंग (लेखनी अंक-13-वर्ष-2-मार्च-2008)

बाल गीत

1. बापू ( लेखनी  अंक-20-अक्तूबर-2008)



* कविता वाचक्नवी


दो कविताएँ- रिश्तेः दो स्थितियां ( लेखनी अंक-19-सितंबर-2008)

http://streevimarsh.blogspot.com
http://oldiezgold.blogspot.com
http://bloggerbusti.blogspot.com
http://hindibharat.blogspot.com
http://360.yahoo.com/kvachaknavee
http://kvachaknavee.spaces.live.com
http://vaagartha.blogspot.com
http://balsabhaa.blogspot.com
http://kvachaknavee.webs.com
http://groups.yahoo.com/group/HINDI-BHARAT/
http://sandarshan.blogspot.co




 

* गिरीष पाण्डे

 1. एक फूल बड़ा-सा (लेखनी-अंक-7-सितंबर-2007)

 


* गिरीष पंकज


जन्म-१९५७, वाराणसी, शिक्षा- एम (हिंदी), बीजे( प्रावीण्य सूची  में प्रथम), लोक कला-संगीत में डिप्लोमा, विद्यावाचस्पति की मानद उपाधि, प्रकाशन- ३ व्यग्य उपन्यास( मिठलबरा कि आत्मकथा, माफिया,पालीवुड की अप्सरा), ८ व्यग्य संग्रह ( ट्यूशन शरणम गच्छामि, भ्रष्टाचार विकास प्राधिकरण, ईमानदारो की तलाश, नेताजी बाथरूम में, मंत्री को  जुकाम, मेरी ५१ व्यग्य रचनाये, हिट होने के फार्मूले, मूर्ती की एडवांस बुकिंग) सहित २९ पुस्तके प्रकाशित. एक ग़ज़ल संग्रह यादो में रहता है कोइ प्रकाश्य . सम्मान-पुरस्कार- अट्टहास सम्मान, लीलारानी स्मृति सम्मान, रमनिका फाउन्देशन  सम्मान, रामेश्वर गुरु सम्मान, करवट सम्मान, समन्वय सम्मान, केपी नारायणन पत्रकारिता सम्मान, हिंदी सेवाश्री सम्मान(त्रिनिदाद) सहित २० से ज्यादा सम्मान. विदेश प्रवास- दस देशो की यात्राए. विशेष- गिरीश पंकज की  व्यंग रचनाओ पर ६ शोध  हो चुके है. इस वक़्त कर्णाटक एवं पंजाब के दो शिक्षक शोध कार्य कर रहे है. अनुवाद - उपन्यास मिठलबरा का उड़िया एवं तेलुगु में  तथा माफिया का कन्नड़ में अनुवाद .   सम्प्रति- संपादक, " सद्भावना दर्पण", सदस्य, " साहित्य अकादमी", नई दिल्ली, अध्यक्ष-छत्तीसगढ़ रास्त्रभाषा प्रचार समिति.  संपर्क- जी-३१,  नया पंचशील नगर, रायपुर. छत्तीसगढ़. ४९२००१ मोबाइल :०९४२५२ १२७२०, ई मेल -  
girishpankaj1@gmail.com

1.मैं जो देखूँ तुम्हें  (लेखनी अँक-32-अक्तूबर -2009)

2. साथ आओगे तो ( लेखनी अँक 33-नवंबर-2009)

 


* गौतम सचदेव (यू.के.)

 

1. गलत भी बदले तो ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

2.आइने बेशर्म हैं ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

बालगीत

पतझड़ ( लेखनी -अंक-21-नवंबर -2008)

 

* गौरव कक्कर

1. कैक्टस ( लेखनी अंक-4-वर्ष-2-जून-2008)

2. जमाने भर की ( लेखनी अंक-4-वर्ष-2-जून-2008)

3. जिन्दगी का सामना ( लेखनी अंक-4-वर्ष-2-जून-2008)

 


*गुलजार


जन्मः 18 अगस्त 1936

 दीना, जिला झेलम (अब पाकिस्तान मं) में  जन्मे सम्पूरन सिंह गुलजार आज के युग के एक जाने माने कवि हैं। आपकी सोजभरी कविताएं सीधे पाठक के हृदय में उतर जाती हैं। आप त्रिवणी छंद के सृजक और बौलीवुड के जाने माने गीतकार हैं।


कुछ प्रमुख कृतियां - पुखराज, एक बूँद चांद, चौरस रात , रवि पार, कुछ और नज्में ।

एक पुराना मौसम (लेखनी अँक 12-फरवरी 2008)

हाथ छूटे भी तो (लेखनी अँक 12-फरवरी 2008)

 

 

 


*गोपालदास नीरज 

 (8 फरवरी, 1926)

पुरावली, इटावा, उत्तर प्रदेश, भारत

जितनी संवेदन शील और सुकुमार कविता, उतनी ही ओजस्वी वाणी और दिनकर जी के शब्दों में हिन्दी साहित्य की वीणा, कवि नीरज आज के युग के हिन्दी के सर्वाधिक लोकप्रिय कवि और गीतकार हैं। शायद इसमें कोई अतिशयोक्ति भी नहीं। कोमल भाव और सुकुमार उपमाएँ फिर भी कथ्य पूर्णतः खरा... विचारक, संत और कवि तीनों को अपने में समेटे कवि नीरज का व्यक्तित्व विवादों से घिरा रहा है, फिर भी जीवन काल में इतना प्यार और प्रसिद्धि, खुद अपने आप में एक विलक्षण उपलब्द्धि है और किसी-किसी को ही मिल पाती है। आपके गीत और कविताओं ने साहित्यकार और जन साधारण दोनों के ही मन को एक-सी तीव्रता से छुआ है। कालीदास की उक्ति कि भाव शब्दों को ऐसे बींधने चाहिएँ जैसे मोती को धागा, इनकी अधिकांशतः रचनाओं पर सही उतरती है। 

कुछ प्रमुख कृतियां- 

      

  

 1. अंधियारा ढल कर ही रहेगा ( लेखनी अँक 9- नवंबर-2007)

2.मेरे देश उदास न हो  ( लेखनी अँक 9- नवंबर-2007)

 3. जलाओ दिए पर ध्यान रहे ( लेखनी अँक 9- नवंबर-2007)

4. तुम दिवाली बनकर     ( लेखनी अँक 9- नवंबर-2007)

5.मधुबन लगता है ( लेखनी अँक 12-फरवरी-2008)

6.याद हमें आती है ( लेखनी अँक 12-फरवरी-2008)
7.लेकिन मन आजाद नहीं (लेखनी अँक 18 अगस्त-2008)
 



*चन्द्रसेन विराट

1. कहो कैसे हो? (लेखनी अंक 2-अप्रैल-2007)



*चंद्रकांता

ये तुम्हारे रंग  ( लेखनी अंक-37 , वर्ष 4- मार्च 2010)






* चकाचौंध ज्ञानपुरी

भ्रष्टाचार ( लेखनी-अंक-25- वर्ष-3 -मार्च-2009)



* चीतल ( पवन कुमार जालान)

संपर्क सूत्रः बी. 20 44 -4, विजयनगर कौलोनी, भेलूपुर, वाराणसी। 

होली के दोहे ( लेखनी-होली विशेषांक-2009)



* जतिन्दर परवाज़



माह के कवि- नवंबर 2009

   1. क्यों खड़ी हमने की  दीवारें... ( लेखनी अंक 33-नवंबर-2009).

   2.ख्वाब देखे थे घर के....          ( लेखनी अंक 33-नवंबर-2009).

   3. यूँ ही उदास दिल...              ( लेखनी अंक 33-नवंबर-2009).

    4. यार पुराने छूट गए....          ( लेखनी अंक 33-नवंबर-2009).




*जय प्रकाश मानस

चार बाल गीत (लेखनी-अँक-9-2007)

1. स्कूल में लग जाए ताला

2. चलो चलें अब झील पर

3. सोखा किसने सारा पानी

4. मेरा प्यारा घर





*जया पाठक

हे मानस के राम (लेखनी अंक-20-वर्ष-2-अक्तूबर-2008)

दीप तुम जलते रहना (लेखनी अंक-20-वर्ष-2-अक्तूबर-2008)




*डंडा बनारसी

माह विशेष


हम बोल रहे हैं ( लेखनी-अंक-25- वर्ष-3 -मार्च-2009)

आवश्यकता है ( लेखनी-अंक-25- वर्ष-3 -मार्च-2009)





 


 

*तितिक्षा शाह (यू.के.)

1.प्रेम की परिभाषा  (लेखनी अंक-12- फरवरी 2008)

2.अमावस की रात को  (लेखनी अंक-12- फरवरी 2008).

3. रिश्तों का सम्मान  ( लेखनी अंक-22-दिसंबर 2008)


*  तेजराम शर्मा

माह के कवि ( लेखनी -जुलाई 2009)

1. यह जो एक रूप (लेखनी अंक 29- जुलाई 2009)

2. नदी की स्नेह स्निग्धता (लेखनी अंक 29- जुलाई 2009)

3. खोई सुबास के लिए (लेखनी अंक 29- जुलाई 2009)

4. सपने में नदी (लेखनी अंक 29- जुलाई 2009)

5. विश्वास (लेखनी अंक 29- जुलाई 2009) 

6. पहाड़ पर दाड़िम (  लेखनी अंक 31- सितंबर 2009) 

7. पाप ( लेखनी अंक 33-नवंबर-2009)

8. मुट्ठी भर  ( लेखनी अंक 33-नवंबर-2009)

9. पहाड़ पर बसंत (लेखनी अंक 37- वर्ष 4, मार्च 2010)

 




*तेजेन्द्र शर्मा (यू.के.)

1.लंदन में बरसात ( लेखनी अंक-5-जुलाई-2007)

2. इस उमर में भी ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

3.औरत को जमाने ने ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)



तोषी अमृता (यू.के.)

खोई राह स्वयं पा लूंगी (लेखनी अंक-20-वर्ष-2-अक्तूबर-2008)



*  दिनेश ध्यानी

गांव का गजोधर   ( लेखनी अंक-30-वर्ष-3- अगस्त -2009)
 

 जंतर मंतर की संतानें   ( लेखनी अंक-30-वर्ष-3- अगस्त -2009)
 



* दिनेश रघुवंशी

 

1. तुझमें किरणों सा ये उगा क्या है (लेखनी-अंक-10-दिसंबर-2007)

2. जी के दिखा मेरे बग़ैर (लेखनी-अँक-10-दिसंबर-2007)


* दिलीप दास

लाल चिड़िया  ( लेखनी-अंक 27- मई 2009)


 

 

* दिविक रमेश 



1.डर (लेखनी-अँक-9-नवंबर-2007)

2. खुशी ( लेखनी-अंक-9-नवंबर-2007)

माह के कवि दिसंबर 2008

 3. अपने अपने डेरे  ( लेखनी दिसंबर 2008-अंक-22)

4. कुछ नहीं कहते ( लेखनी दिसंबर 2008-अंक-22)

5. किसने कहा होगा  ( लेखनी दिसंबर 2008-अंक-22)

 
बाल कविता

चीं चीं चिड़िया ( लेखनी-जनवरी-2010)






 

* दिव्या माथुर (यू.के.)    

 1. एक बौनी बूँद (लेखनी-अँक-5-जुलाई-2007)

 2.  जो तुझको करना है कर  ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

 3.  न सुने तो कोई  ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

4. प्रतिदान (लेखनी अंक 12-फरवरी 2008)

5.मां-(लेखनी अंक-1-वर्ष-2-मार्च-2008)

6. मां-(लेखनी अंक-1-वर्ष-2-मार्च-2008)

7.हूक ( लेखनी -अंक-24- फरवरी-2009) 
 

 

 

 

*दीपिका जोशी ( कुवैत)

बाल कविता

1. - खरगोश ( लेखनी-अंक 11-जनवरी-2008) 



दीक्षित दनकौरी


मूल नामः भुवनेश्वर प्रसाद दीक्षित

जन्मः 4 सितंबर 1956, अमरोहा (उ.प्र.)

शिक्षाः एम.ए. (दर्शन) , डी. वाई. एड, सी.एफ. एन.

गजल संग्रहः डूबते वक्त

अन्य कई सम्मानों के अलावा सन 2001 में दुष्यंत अवार्ड से सम्मानित दनकौरी आज के पसंदीदा और चर्चित गजलकार हैं। बेहद सादगी से मन में उतर जाने वाली आपकी गजलें पढ़ने में भी उतना ही आनंद देती हैं जितना सुनने में।

संपर्क सूत्र- 76, डी.डी.ए फ्लैट्स, मानसरोवर पार्क, दिल्ली। 

 माह के कविः फरवरी-2010

1. अपनों को अपनाकर देख

2. गलत मैं भी नहीं

3. मरते दम मुस्काया वह

4. हरगिज मत समझौता कर

5. फूलों पर निगरानी है

6. यूँ कभी तेरी


नरेश मेहता

पीले फूल कनेर के ( लेखनी-मार्च 2010)


* नरेश शांडिल्य 



1. अंधेरों के खिलाफ (लेखनी-अँक-9-नवंबर-2007)

2. साथ अगर जो...(लेखनी-अँक-9-नवंबर-2007)

3. पुनर्जन्म (लेखनी-अँक-9-नवंबर-2007)

4. एक खुली खिडकी सी लड़की (लेखनी-अँक-10-दिसंबर 2007)

5. आज फिर दर्द जिग़र से गुजरा
(लेखनी-अँक-10-दिसंबर 2007)                                                                                                                                                                                                         6. मेरे तो वह राम ( (लेखनी अंक-20-वर्ष-2-अक्तूबर-2008)

                        माह के कवि

7.    क्या हम भी औरों से होंगे   ( लेखनी अंक-30-वर्ष-3- अगस्त -2009)
 
8.           दोहे                      ( लेखनी अंक-30-वर्ष-3- अगस्त -2009)
 





* नलिनी पुरोहित

      गाँव और शहर    ( लेखनी 2009-अंक-23)


* नासिर काजमी

1. कपड़े बदलकर (लेखनी-अँक-10-दिसंबर 2007)2. दिल में एक लहर सी  (लेखनी-अँक-10-दिसंबर 2007) 


* निखिल कौशिक  (यू.के.)

1. अकेलापन (लेखनी-अंक-7-जुलाई-2007)

2. सारा समय (लेखनी (अंक 10, वर्ष 2 दिसंबर 2008) 

 

*निदा फाजली

जन्म-12 अक्टूबर 1938

 वर्तमान ग़ज़ल दुनिया के एक सशक्त हस्ताक्षर। दार्शनिकता का पुट लिए हुई नज्में। बेहद संवेदनशील कबीर की परंपरा के कवि। प्रमुख कृतियां- लफ़्जों के फूल, मोर नाच, आँख और ख्वाब के दरमियाँ, सफ़र में धूप तो होगी। 1988 में साहित्य अकादमी पुरस्कार।

 

1.दुनिया जिसे कहते हैं ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

2.जब किसी से गिला रखना ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007) 

3. दोहा- वो सूफी का कौल हो....(लेखनी अँक 12 फरवरी 2008)

4. दोहा-चाहे गीता बांचिए ...( लेखनी अँक 12 फरवरी 2008)

5. एक दिन (लेखनी अंक 28  जून 2009)





* निर्मला सिंह


जन्म स्थान : बरेली, तिथि ०९ अप्रैल, १९४३                                                     

शिक्षा : एम.ए., एल.टी.                                                                                  

 प्रकाशन : लगभग सभी भारतीय पत्र-पत्रिकाओं एवं पत्रिका पुरवाई (लन्दन) तथा बी.बी.सी., व आकाशवाणी से रचनाएं प्रकाशित प्रसारित
सम्मान : भारत व यूके की अनेक संस्थाओं द्वार सम्मानित
कहानी संग्रह - पिंजरा खुल गया, क्षितिज के पार, धुंए के पहाड़, संजीवनी बूटी, धुंए की इमारत, सन-सेट-व्यू, मुठ्ठी में बंद खुशबू।
लघुकथा संग्रह - बबूल का पेड़, सांप और शहर।                                                                                                      

कविता संग्रहः वक्त की खूंटी
प्रकाशित पुस्तकें : उपन्यास - पिघलता सीसा, अक्षम्य1.

माह की कवियत्री  (लेखनी-अंक 26 -अप्रैल-2009)

1.मन की सड़क

2.. तुम जो हो, वह नहीं हो

3 आइना.


बाल गीत

एक गुलाब (लेखनी अंक 35- जनवरी 2010)




.

* नीना पॉल (यू.के.)

 

1. जबाव सोचकर  वो  ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

2. नगमों के सिलसिले   ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)



*नीरजा माधव

दशरथ के बहाने (लेखनी अंक-20-वर्ष-2-अक्तूबर-2008)




 



* पद्मेश गुप्त (यू.के.)  

मां   (लेखनी-अंक-1-मार्चृ2007)

पारित प्रस्ताव (लेखनी अंक-6-अगस्त-2007)

गेहूँ का रंग     (लेखनी अंक-30-वर्ष-3- अगस्त -2009)
 
 दोहरी नागरिकता  ( लेखनी अंक-30-वर्ष-3- अगस्त -2009)
 


 

 

* पुष्पिता

शब्दों के भीतर की आवाज (लेखनी-अंक-7-सितंबर-2007)

 

 

* पूर्णिमा वर्मन ( दुबई)

1.गुलमोहर (लेखनी-अंक-3-मई-2007)

2.शहर में बरसात (लेखनी-अंक-5-जुलाई-2007) 

3.मेरी भाषा ( लेखनी-अंक 6-अगस्त-2007)

4.कोई साथ में है (लेखनी-अंक 12-फरवरी 2008)

5.एक गीत और कहो (लेखनी-अंक 12-फरवरी 2008)

6. आज दिन ( लेखनी अंक 28  जून 2009)


* पंकज मिश्र ' अटल '

ऋचाओं में कथानक (लेखनी अँक 18 अगस्त-2008)



* प्रतिभा मुदलियार


माह की कवियत्री - नवंबर-2008

कुछ क्षण ( लेखनी -अंक-21-नवंबर -2008)

अक्सर ( लेखनी -अंक-21-नवंबर -2008)

सन्नाटा ( लेखनी -अंक-21-नवंबर -2008)





* प्रभा किरण जैन

मुस्कुराती नहीं लड़कियां ( लेखनी-अंक-19- सितंबर 2008)




 

* प्राण शर्मा (यू.के.)

1. मां बोली (लेखनी-अँक-6-अगस्त-2007) 

2. मन किसी का  ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

3. हर एक कुटुम्ब में ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)
4.  मेले में    ( लेखनी अंक-30-वर्ष-3- अगस्त -2009)
 
5. छोड़ आया हूँ  ( लेखनी अंक-30-वर्ष-3- अगस्त -2009)
 


 

* प्रेमरंजन अनिमेष

 1.फिर भी (लेखनी-अंक-2-अप्रैल 2007)


* प्रेरणा पांडेय
नदी  (लेखनी-जुलाई-अंक-5-वर्ष-2)  प्रतिभा 

 

* बशीर बद्र 



1. कोई फूल धूप की पत्तियों में ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)


2. कहीं चांद राहों में खो गया ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)




*ब्रज श्रीवास्तव

संपर्क सूत्रः 233, हरिपुरा, विदिशा।

पर एक उमाशंकर है (लेखनी-जून-2009)




* बाल स्वरूप राही

बाल गीत

गान्धीजी के बन्दर तीन (  लेखनी अँक 20- अक्तूबर-2008) 

माह विशेष

कहीं तुम...(लेखनी -अंक-24- फरवरी-2009) 



* बीना त्रिपाठी

ठूँठ ( लेखनी -अंक-21-नवंबर -2008)

संबोधन  (लेखनी अंक 27 -मई-2009) 


* बुद्धिनाथ मिश्र

मिथिलांचल के समस्तीपुर (बिहार) के देवधा गांव  में जन्मे बुद्धिनाथ मिश्र नवगीत आन्दोलन के प्रमुख हस्ताक्षर हैं। आप उन विरले कवियों में से हैं जिन्होंने साहित्य और समाज को समान प्रतिष्ठा दी। उनकी कविता में प्रकृति के नाना रूप और जनसामान्य पीड़ा के स्वर गहरे सरकारों के साथ उपस्थित हैं। 

ओ मेरी मंजरी ( लेखनी-अंक-19- सितंबर 2008)


* डॉ ब्रह्मजीत गौतम

देश मांगता (लेखनी-अंक-6-अगस्त-2008)

 


* बाल कवि बैरागी

1.मां हिन्दी (लेखनी-अंक-6-अगस्त-2007)

2. हिन्दी अपने घर की रानी (लेखनी-अंक 6-अगस्त-2007)



* भरतप्रिय

क्रांति-चिन्ह ( लेखनी अंक-4-वर्ष-2-जून-2008


*मनोहर बंद्योपाध्याय

बहाव में बहना   (लेखनी-जुलाई-अंक-5-वर्ष-2)  

मन का आकाश  (लेखनी -अंक-24- फरवरी-2009) 



*महेशचन्द्र द्विवेदी

प्रवासी चिंता (लेखनी अंक-1-वर्ष-2-मार्च-2008)


*महेन्द्र भटनागर        

1. नव वर्ष (लेखनी-अंक-11-जनवरी-2008)  
2. होली ले आयी (लेखनी अंक-1-वर्ष-2-मार्च-2008)

3. फाग (लेखनी अंक-1-वर्ष-2-मार्च-2008)

4. नयी नारी    ( लेखनी-अप्रैल-2008-अँक-2-वर्ष-2)

5. आजादी का त्योहार ( लेखनी अंक 6-वर्ष 2-अगस्त 2008)


*मीनू अग्रवाल

बचपन से... (लेखनी-अंक-25-मार्च-2009)


*मीरा (देहली भारत)

चिड़िया (लेखनी अंक-13--मार्च-2008) 

शरद ऋतु ( लेखनी अंक 21  नवंबर-2008)


*  मोहन राणा ( बाथ, यू.के)

कुंआ- लेखनी अंक 10, वर्ष 2 दिसंबर 2008)

तुम (लेखनी -अंक-24- फरवरी-2009) 



मोहन अम्बर

शताब्दी का वक्तव्य (लेखनी-फरवरी-2010)


* मोहन सगोरिया      

सच के पीछे का सच (लेखनी-अंक-2-अप्रैल-2007)


* मंगल नसीम 

1. मां  (लेखनी-अंक-1-मार्च-2007)


* मंजू श्रीवास्तव

औरत ( लेखनी-अंक 27- मई 2009)

लेकिन औरत ( लेखनी-अंक 27- मई 2009)

स्त्री ( लेखनी-अंक 27- मई 2009)


*  यू.एस. आनंद

दोहे (लेखनी जुलाई-2009)


 

* प्रो. योगेश अटल

 पेड़- (लेखनी-अँक 11-जनवरी 2008)

 

* रचना श्रीवास्तव (यू.एस.ए)




1.शब्द- (लेखनी अंक-12- फरवरी 2008)

2. मां के नाम चिठ्ठी (लेखनी अंक-1-वर्ष-2-मार्च-2008)
 

3. मैं अपने देश गया था ( लेखनी अंक-4-वर्ष-2-जून-2008)

4. भारत की खोज ( लेखनी अंक 6-वर्ष 2-अगस्त 2008)

5. शरद ऋतु की सुषमा ( लेखनी -अंक-9-नवंबर -2008)

माह की कवियत्री ( लेखनी अँक-32- अक्तूबर-2009)

6. दीप से कहो जले

7.कहा उस ने

8. आओ एक दीप जलाएं

9. बोली कोयलिया ( लेखनी अंक 37- वर्ष 4, मार्च 2010)


बाल कविता

1. चांद पे होता घर मेरा तो   ( लेखनी अंक-4-वर्ष-2-जून-2008)

2. मेरी मम्मी सबसे अच्छी ( लेखनी अंक 6-वर्ष 2-अगस्त 2008)



 



* रमापति शुक्ल

1. बाल कविता- अगर (लेखनी -अंक-7-सितम्बर-2007) 


* राग तैलंग

औरतों के जेब क्यों नहीं होती (लेखनी-अंक-26-वर्ष-3-अप्रैल-200)


* राजनरायण बिसारिया

नदी के किनारे से (लेखनी -अंक-24- फरवरी-2009) 


* राजेन्द्र शर्मा

टेसू फूलेगा (लेखनी जून 2009)


* रामाश्रय सिंह (यू.के.)

आत्म कथ्यः

जन्म दिए माता-पिता,  दादा पालन हार।

गुरु मिले जयदेव सम, करूँ प्रकट आभार।।

दूर देश आ बस गया, रही सिसकती याद।

दर्द वही कवितावली, फूटी बरसों बाद।।


प्यारे बापू (संकलन)

बापू तुम जागो एकबार...( लेखनी-अंक 32-अक्तूबर-2009)

जिन्दगी ( लेखनी अंक 33-नवंबर-2009) 



* डॉ. रामचन्द्र रॉय

लेकिन (लेखनी अँक 18 अगस्त-2008)

रजनीगंधा ( लेखनी -अंक-9-नवंबर -2008)

संपर्क सूत्र-                          रूपान्तर,रतनपल्ली(नार्थ)
                                        शान्तिनिकेतन-731235,पचिम बंगाल
                                                   सेल: 09434233533

 



* राम दरश मिश्र




आम के पत्ते (लेखनी अँक 18 अगस्त-2008)

गांव बचपन का ( लेखनी दिसंबर 2008-अंक-22)




*  रामनिवास मानव

नहीं साँच को आँच (लेखनी अँक-32-अक्तूबर -2009) 




 

* रामेश्वर कम्बोज ' हिमांशु '


संपर्क सूत्रः HANSHARDWARE AND NETWORK SOLUTIONSSHOP NO. 38, CSC 7, D.D.A MARKET, SECTOR 16, ROHINI(NEAR MANGAL BAZAR)93124014689811193885( 1 सितम्बर 2008 से)

संप्रति : प्राचार्य, केन्द्रीय विद्यालय हज़रतपुर, फ़िरोज़ाबाद (उ.प्र.)  283103

प्रसारण –आकाशवाणी गुवाहाटी ,रामपुर, नज़ीबाबाद ,अम्बिकापुर एवं जबलपुर से ।

प्रकाशित रचनाएँ : 'माटी, पानी और हवा', 'अंजुरी भर आसीस', 'कुकडूँ कूँ', 'हुआ सवेरा' (कविता संग्रह), 'धरती के आंसू', 'दीपा', 'दूसरा सवेरा' (लघु उपन्यास), 'असभ्य नगर' (लघुकथा ``संग्रह), अनेक संकलनों में लघुकथाएँ संकलित तथा गुजराती, पंजाबी, उर्दू एवं नेपाली में अनूदित.

शिक्षा : एम ए(मेरठ विश्वविद्यालय से प्रथम श्रेणी में) , बी एड

जन्म : 19 मार्च 1949, बेहट जिला सहारनपुर, भारत में।

रामेश्वर काम्बोज हिमांशु


जब तक बची दीप में बाती    ( लेखनी-अंक-7- सितंबर 2008)
 
इसे  ध्यान में रखना     ( लेखनी-अंक-7- सितंबर 2008)
उजियारे के जीवन में   ( लेखनी-अंक-7- सितंबर 2008)

बाल कविता

सूरज जब जग जाता है (लेखनी -अंक-24- फरवरी-2009) 

प्यारे बच्चे (लेखनी -अँक-31-सितंबर-2009)


 



* राजेश चेतन

हस्ताक्षर (लेखनी अँक 18 अगस्त-2008)




* रेणु राजवंशी गुप्ता (यू.एस.ए)



 

1. मैने तुम्हे मुक्त किया (लेखनी-अंक-1-मार्च 2007)

 2. प्यार में मिलावट नहीं (लेखनी अंक-12- फरवरी 2008)


*राघव चेतन राय

थोड़ा सा मैथमैटिक्स जानने वाले ( लेखनी अंक-4-वर्ष-2-जून-2008)



*डॉ. रीता हजेला 'अराधना'

अव्यक्त सपने ( लेखनी-अप्रैल-2008-अँक-14)


 

*लक्ष्मीशंकर बाजपेयी

.
1. पूछा था रात मैने (लेखनी अँक-10-दिसंबर-2007)

2. सारा परिवार एक कमरे में (लेखनी अँक-10-दिसंबर-2007)

बालगीत

कैसा तुमने जाल बुना है ( लेखनी अंक-7-सितंबर 2007) 


 

*लावण्या शाह (यू.एस.ए.)

बुझते जरागों से उठता धुँआ  (लेखनी अंक-12- फरवरी 2008) 

नरगिस  (लेखनी अंक-12- फरवरी 2008)


* वन्दना केंगरानी

प्यार पर बहुत हो चुकी कविताएं ( लेखनी-अंक-19- सितंबर 2008)

नारी-मन

महाकाव्य (लेखनी अंक 27 -मई-2009) 

 साम्य    (लेखनी अंक 27 -मई-2009) 

इन दिनों (लेखनी अंक 27 -मई-2009) 

विश्वास (लेखनी अंक 27 -मई-2009) 



*विनोद ध्यावल राही

वह ( लेखनी-अप्रैल-2008-अँक-14)


* विपिन चौधरी


जन्म : 2 अप्रैल 1976, खरकडी, जिला भिवानी।

शिक्षा : बी. एससी (जंतुविज्ञान), एम.ए. (लोक-प्रकाशन), मेडिकल ट्रांसक्रिप्शनिस्ट।

प्रकाशित कृतियाँ : कादंबिनी, कथादेश, समरलोक, नवोदित स्वर, ग्राम-परिवेश, हलंत, जतन, शीराजा, अद्धर-खबर, संचेतना, दैनिक जागरण (पुर्ननवा), अन्यथा, दैनिक ट्रिब्यून आदि पत्रिकाओं में कविताएँ प्रकाशित। परिकथा में पहली कहानी प्रकाशित। रूरल-इंडिया, प्रौढ़-शिक्षा, इतिहास बोध, पेन में लेख प्रकाशित।

संप्रति : स्वतंत्र लेखन।

रुचियाँ : कला के सभी पक्ष, अध्यात्म, राजनीति, स्थापत्य, लोक-संस्कृति, दर्शनशास्त्र में गहरी रुचि।

ई मेल : vipin_c_2002@yahoo.com                                                       

नदी को देखकर (लेखनी-जुलाई-अंक-5-वर्ष-2)

आवाजें      (लेखनी-जुलाई-अंक-5-वर्ष-2)

समय से दोस्ती    (लेखनी-जुलाई-अंक-5-वर्ष-2)  



* विष्णु सक्सेना


श्रृंगार और दर्शन के सरस व तरल कविः


माह के कविः मार्च 2010

1.  तन तुम्हारा अगर ...

2. रेत पर नाम लिखने से क्या फायदा

3. थाल पूजा का लेकर

  


* विजय कुमार सप्पति

माह के कवि

1. परायों के घर (लेखनी -अंक-24- फरवरी-2009) 

2. आंसू (लेखनी -अंक-24- फरवरी-2009) 

3. रात भर यूं ही (लेखनी -अंक-24- फरवरी-2009) 

4. आज मेरे शहर ने (लेखनी -अंक-24- फरवरी-2009) 





*वंदना मिश्रा

गलती ( लेखनी-अंक 27- मई 2009)

अधिकार ( लेखनी-अंक 27-मई- 2009)









*शरद आलोक (नार्वे)

 1. द्वार थपथपा रहा  (लेखनी-अंक-11-जनवरी-2008)  


*डॉ. शाहिद मीर (पाकिस्तान)

पढ़ लिख गये तो (लेखनी अंक-1-वर्ष-2-मार्च-2008) 



* श्याम कुमारी


हर बच्चे की जुबां पर बाबा ब्लैकशीप और जैक एण्ड जिल से घबराई अरविंद आश्रम की श्याम कुमारी ने 'बाल रंग-तरंग 24 शिशु गीत' नामक एक मनोरम पुस्तक की रचना की। उसी पुस्तक से प्रस्तुत हैं माह विशेष में-


15  बाल गीत ( लेखनी अंक 35- जनवरी-2010) 



*श्याम सिंह शशि

माह विशेष

1. विवेकानन्द उवाच ( लेखनी-जून-2009)

2. वापसी ( लेखनी-जून-2009)

3. हरितवर्ण ( लेखनी-जून-2009)

4. मेरे बच्चे (( लेखनी-जून-2009)




 *श्याम सुशील

1. बालगीत- होती मैं भी चंचल तितली ( लेखनी अंक 28  जून 2009)


* शशिकांत

1. बालगीत-धरती जैसा ही है चंदा (लेखनी-अंक 6-अगस्त 2007)


*शीला सिद्धांतकर1.

ताकतवर औरतें  ( लेखनी-अंक-26-वर्ष-3-अप्रैल-2009)

कमरे में बसंत   ( लेखनी अँक 27 मई 2009)आदमी को मांजता आदमी ( लेखनी-अंक 27- मई 2009)

 

 *शुभा

बूढ़ी औरत का एकांत

(लेखनी-अंक-26-वर्ष-3-अप्रैल-200)


 

 * शेरजंग गर्ग 

बालगीत-

1.चाय (लेखनी-अंक-6-अगस्त 2007) 

2. सुन्दर है आँखों की खिड़की (लेखनी-नवंबर-2009)

3. पेड़ (लेखनी-नवंबर-2009)



* शैल अग्रवाल  (यू.के.)




1. एक प्रश्न (लेखनी-अंक-1-मार्च 2007)

2. मुस्कान (लेखनी-अंक-1-मार्च 2007)

3. मुखरित मौन (लेखनी-अंक-2-अप्रैल 2007)

4. सच जो  (लेखनी-अंक-2-अप्रैल 2007)

5. एक और सच(लेखनी-अंक-2-अप्रैल 2007)

6. बनारस में (लेखनी-अंक-2-अप्रैल 2007-स्मृति शेष)

7. सपना आज भी, (लेखनी-अंक-3-मई-2007)

8. बसंत आया! ( लेखनी-अंक-3-मई-2007)

9. आई पगली ( लेखनी-अँक-4-जून 2007)

10. कटघरे में ( लेखनी-अंक-4-जून 2007)

11. धूप किनारे ( लेखनी-अंक-4-जून 2007)  

12. बादल मन-सा(लेखनी-अंक-5-जुलाई 2007)

13. प्रवास से (लेखनी-अंक-6-अगस्त 2007)

14. कोहरा (लेखनी-अंक-7-सितंबर 2007) 

15. तमसो मा ज्योतिर्गमय (लेखनी-अंक-9-2007)

16. दिया और बाती (लेखनी-अंक-9-2007)

17. हिचकियां याद दिलाएंगी ( लेखनी-अंक-10-2007)

18. रात की पलकों पे फिर (लेखनी-अंक-10-2007)

19.जाल (लेखनी अंक-1-वर्ष-2-मार्च-2008)

20. चिहुक (लेखनी अंक-1-वर्ष-2-मार्च-2008) 

21. जिनके जहां हैं घर (लेखनी अंक-3-वर्ष-2-मार्च-2008)

22. नदी तुम  (लेखनी-जुलाई-अंक-5-वर्ष-2) 

23. मेरा देश (लेखनी-अँक 6- अगस्त-2008)

24. अभिनन्दन (लेखनी-अँक 6- अगस्त-2008)

25. हिन्दू  (लेखनी-अँक 6- अगस्त-2008)

26. आकाश पर चढ़े सूरज ( लेखनी-अंक-7- सितंबर 2008)

27. आई दिवाली फिर  (लेखनी अंक-20-वर्ष-2-अक्तूबर-2008)

28. धूमिल रेखा  (लेखनी अंक-20-वर्ष-2-अक्तूबर-2008)

29. बातें  ( लेखनी दिसंबर 2008-अंक-22)

30. जैसे (लेखनी -अंक-24- फरवरी-2009) 

31. वायरस (लेखनी-अंक-25- वर्ष-3 -मार्च-2009)

32. उलझन ( लेखनी-अंक-26-वर्ष-3-अप्रैल-2009)

33. कबतक ( लेखनी-अंक 27- मई-2009)


34. दिन ( लेखनी अंक 28  जून 2009)

35. जीवित हैं  बापू ( लेखनी अँक 32 अक्तूबर 2009)

36. धुँध में ( लेखनी अंक 33-नवंबर-2009)

37. पिंडदान (लेखनी अंक 33-नवंबर-2009)

38.  (  लेखनी- फरवरी-2010)
 

होली हाइकू (लेखनी अंक-1-वर्ष-2-मार्च-2008)


बाल गीत

1. अ से आम (लेखनी-अंक-1-मार्च 2007)

2. बिल्ली मासी (लेखनी-अंक-1-मार्च 2007)

3. चूं चूं मियां (लेखनी-अंक-2-अप्रैल 2007)

4. बन्दर ने (लेखनी-अंक-2-अप्रैल 2007)

5. सुमन (लेखनी-अंक-3-मई 2007) 

6. हवा ने मारी सीटी (लेखनी-अंक-5-जुलाई 2007)

7. नन्ही बूंदें  (लेखनी-अंक-5-जुलाई 2007)

8. काले बादल(लेखनी-अंक-5-जुलाई 2007)

9. छतरी रानी (लेखनी-अंक-5-जुलाई 2007)

10. चूँ चूँ चिड़िया ( लेखनी-अंक-8-अक्तूबर-2007)

11. गिलहरी रानी ( लेखनी-अंक-8-अक्तूबर-2007)

12.  नीले आकाश तले ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

13. तुनतुन तुक तुनतुन तारा ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

14  झिलमिल झिलमिल प्यारे ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

15. एक दो तीन चार   ( लेखनी अँक 10- दिसंबर-2007)

16. तोता, तोता (लेखनी अंक 11-जनवरी 2008)

17. इक्कड़ दुक्कड़ घूम घुमक्कड़ ( लेखनी-अँक12-2008)

18  पापा मम्मी, दादा दादी ( लेखनी-अँक12-2008)

19. गुब्बारा  (लेखनी-जुलाई-अंक-5-वर्ष-2) 

20. चिड़ियारानी ( लेखनी-अंक-19- सितंबर 2008)
  
21. चंदामामा ( लेखनी-अंक-19- सितंबर 2008)

22. पूरी सा चंदा ( लेखनी -अंक-9-नवंबर -2008)

23. पत्ती रानी  ( लेखनी -अंक-9-नवंबर -2008)

24 बन्दर बांट (लेखनी-अंक 26-अप्रैल-2009)

दो पहेलियां - (लेखनी अंक-1-वर्ष-2-मार्च-2008)


*शैलेन्द्र चौहान ( भारत)


अब भी (लेखनी अंक-3-वर्ष-2-मई-2008) 

क्या हम नहीं कर सकते कुछ भी (लेखनी अंक-3-वर्ष-2-मई-2008) 

गारुण मंत्र का कवि (लेखनी अंक-3-वर्ष-2-मई-2008) 

दक्षिण की यात्रा (लेखनी अंक-3-वर्ष-2-मई-2008)


*शंभुनाथ अवधी

माह के कवि (लेखनी-दिसम्बर-2009)


1, हमतव देखे

2. बादल कड़के, बिजुरी चमके

3, मंहगाई से हाल बुरा ब




* शंभुनाथ सिंह


माह विशेष

तुम जानो या मैं जानू (लेखनी -अंक-24- फरवरी-2009)


श्याम कुमारी

माह विशेष

15 बाल गीत ( लेखनी-जनवरी-2010)



श्याम सुशील


चाँद परियाँ और तितली

बाल कविता- होती मैं भी चंचल तितली- (लेखनी जून 2009)

संपर्क सूत्रः ए-13, दैनिक जनयुग अपार्टमेंट्स,

वसुंधरा इंकलेव, दिल्ली-1






स्नेह ठाकुर

कविता आज और अभी

कैसी दौड़ (लेखनी-अगस्त-2009)

आंगन की कच्ची मिट्टी (लेखनी-अगस्त 2009)






सिद्धेश्वर

संपर्क सूत्रः अवसर प्रकाशन, पो.बाक्स नं. 205, करखगहिया, पटना , 80010 बिहार।

              

भगवान का दूसरा रूप ( लेखनी-जनवरी-2010)





सुजय पॉल

संपर्क सूत्रः 345, गुप्तेश्वर वार्ड, जबलपुर (म.प्र.)

वह आदमी (लेखनी-जून-2009)



सुजाता चौधरी 

माह की कवियत्री- जून 2009

लड़की दिखाई ( लेखनी अंक 27-मई 2009)

आत्महत्या  ( लेखनी अंक 27-मई 2009)

स्वर्ग से सुन्दर  ( लेखनी अंक 27-मई 2009)




सुधा भार्गव

बचपन बीत गया ( लेखनी-जनवरी-2010)





सुधाकर अदीब

   जय जय सीताराम   ( लेखनी अंक-30-वर्ष-3- अगस्त -2009)
 
   सबसे मंहगा कानून  ( लेखनी अंक-30-वर्ष-3- अगस्त -2009)
 




सुनील गज्जाणी

आता है नजर (लेखनी अंक 29- जुलाई)



1. फिर क्यों ( लेखनी-जून-2009)

माह के कवि (नवंबर-2009)


सतेन्द्र श्रीवास्तव (यू.के.)

वर्षगांठ पर  (लेखनी-अंक 11-जनवरी 2008)



 सीताराम गुप्ता


अच्छा ही हुआ  (लेखनी अंक-20-वर्ष-2-अक्तूबर-2008)
सुना है                  ( लेखनी अंक-20-वर्ष-2-अक्तूबर-2008)
एक अत्यंत प्रासंगिक शब्द (लेखनी अंक-20-वर्ष-2-अक्तूबर-2008)
बुद्ध ( लेखनी अंक-29-वर्ष-तीन-जुलाई 20090



* सीतेश आलोक

गली अति सांकरी (लेखनी-अंक-4-जून-2007)

उपलब्धि (लेखनी-अंक-4-जून-2007) 




सुधा भार्गव 

बचपन बीत गया ( लेखनी-अंक 35- जनवरी 2010)




*सुरंजन

एक बड़ा सा फूल




* सुधीर सक्सेना 'सुधि'

सोचते हैं बच्चे  ( लेखनी-अंक 19-वर्ष-2-सितंबर 2008)

चुटकी भर धूप ( लेखनी अंक 27- मई-2009)

संपर्क सूत्र- 75/44, क्षिप्रा पथ, मानसरोवर, जयपुर-302020
सम्पर्क: 09413418701


*सुनील कुमार

औरतें ( लेखनी- अप्रैल 2009)



*सुरंजन

खोया हुआ सुकून ( लेखनी अंक-16-वर्ष-2-जून-2008) 

लड़की (लेखनी अंक 27 -मई-2009) 



सुरेश कुमार पंड्या

पताः आर.११ सेक्टर.१ , प्रियदर्शिनी नगर, रायपुर, छत्तिसगढ़ , ४९२००१

इ मेल  pandasuresh2@gmail.com

जन्म दिः ०४.११.१९४८

सम्प्रतिः स्वतंत्र लेखन

प्रकाशनः विभिन्न पत्र पत्रिका में प्रकाशन ।

फिर क्यों  - ( लेखनी-जून-2009)

माह के कवि ( लेखनी नवंबर 2009)

2. स्वप्न से जागा नहीं हूँ

3. मन मेरा चंचल हुआ है

4. तुम न आए लौटकर फिर,




सुरेश ऋतुपर्ण

माह विशेष

भावानुवाद दो जापानी लोकगीत-( लेखनी-दिसंबर-2009)


*सुशील कुमार

जन्म-13/09/1964. पटना सिटी ।                                            

शिक्षा-बीएड ।                                                                            

पता- हंस निवास/कालीमंडा/हरनाकुंडी रोड/पोस्ट-पुराना
दुमका/झारखंड (भारत)- ८१४१०१
मोबाईल- 094313 10216   e.mail-sk.dumka@gmail.com
                  

"कविता के बीज मेरे मन में कब गिरे और कैसे फलित हुए, ठीक-ठीक नहीं कह
सकता। किन्तु जनपदीय धूल-धक्कड़ से सने श्रमशील श्वांसों में धड़कते अपने लोकजीवन
और समय के स्पंदन को कहीं महसूसता हूँ तो वह कविता में ही, क्योंकि वह मुझे
बेहद भाता है जहाँ कि मैं जन्मा-पला हूं । पिता के मानसिक असंतुलन की वज़ह से
पिछले चौबीस सालों से बहिन-भाईयों यानि कि, पूरे परिवार को तबाही और टूटन से
बचाने की जबाबदेही मेरी ही रही है क्योंकि मै ज्येष्ठ पुत्र हूं मां -बाप का ।
यही मेरी पाठशाला है जिसमें मुझे संघर्षशील जीवन का तत्वज्ञान भी हुआ । पहले
प्राईवेट ट्यूशन, फ़िर बैंक की नौकरी । 1996 में राज्य लोक सेवा आयोग की
परीक्षा उत्तीर्णकर शिक्षा सेवा में । संप्रति +2 जिला स्कूल चाईबासा में
प्रिंसिपल के पद पर । मैं समझता हूं , कविता सिर्फ़ अंतरतम की पिपासा को ही
तृप्त नहीं करती , बल्कि दिन-दिन अमानवीय हो रही व्यवस्था पर अनिवार्य आघात भी
कर सकती है, करती है।
हिंदी पत्र-पत्रिकाओं में लिखने-पढ़ने में गहरी रुचि रखता हूं।
प्रतिष्ठित प्रिंट-पत्रिकाओं में सतत प्रकाशन भी ,पर कविता को लेकर मैं किसी
मुगालते में नहीं रहता । बेब-पत्रिकाओं से जुड़ने की कोशिश कर रहा हूं ।
सौम्य-शांत जीवन जिसमें संघर्ष की स्वीकृति हो, मुझे पसंद है।
कृति और प्रकृति से मुझे प्यार है, आत्मानुशासन से लगाव पर प्रशासन-व्यवस्था
,राजनीति और कृत्रिमता से आले दर्जे की नफ़रत ।"
 

माह के कविः ( लेखनी-अप्रैल-2008-अँक-14)

1.हृदय भी हाथ है मेरा 

2.बीज     

3.अधूरी शब्द यात्रा

4.शब्द  



 


*सोहन राही (यू. के.)

1. नन्हे मुन्ने सपनों की...(लेखनी-अंक-7-जुलाई 2007)

2. रेत समन्दर साहिल होगा ( लेखनी-अंक-10-दिसंबर 2007)

3. जिन्दगी गोया (लेखनी-अँक-10-दिसम्बर 2007)



*संजीव कुमार (देहली भारत)


संजीव कुमार बब्बर ने इंदिरा गाँधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय से समाज शास्त्र से स्तानक की उपाधि प्राप्त की है और सन १९९६ से इंदिरा गाँधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय में कार्यरत है। पिछले १५ वर्षो से कविता लेखन में इनकी रूचि है इनकी कुछ कविताए आप इनके ब्लॉग www.sanjeevkumarbabbar.blogspot.com में देख सकते है ।

हाल देश का- (लेखनी-जून-2008- अंक-4-वर्ष-2)



*संजीव निगम

जन्म : १६ अक्टूबर १९५९
शिक्षा: एम ए , एमफिल [हिंदी साहित्य] , दिल्ली युनिवेर्सिटी
लेखन: कविता, कहानी, नाटक, रेडियो नाटक, व्यंग्य.

चाह रही है कि  रचनाओं का प्रकाशन उनकी संवेदनाओं के आधार पर हो ना कि व्यक्तिगत बातों या जान पहचान के आधार पर. जब देना बैंक में मुख्य प्रबंधक , प्रचार -प्रसार  था तब मैंने कई साहित्यिक पत्रिकाओं को विज्ञापन दिए थे पर तब भी मैंने किसी से इसका लाभ उठाने की चेष्टा नहीं की थी. मेरी रचनाएँ अपनी योग्यता के आधार पर ही अनेक जगहों पर प्रकाशित होती रही हैं.
वर्ष २००७ में बैंक की नौकरी छोड़ दी अब विज्ञापन लेखन तथा साहित्यिक लेखन से ही जुड़ा हूँ.  मैं कविता, कहानी, व्यंग , नाटक, विधाओं में लिखता हूँ. मेरी कोशिश रहती हैकि परिस्थितियों तथा व्यक्तियों को एक अलग तरह से देखने का प्रयास करूँ. मेरी अनेकों कवितायेँ, कहानियां, लेख प्रकाशित हैं पर अभी कोई संग्रह नहीं आया है
उपलब्धियां:अनेक पत्र पत्रिकाओं में रचनाओं का निरंतर प्रकाशन, आकाशवाणी से नियमित प्रसारण, कुछ संकलनों में रचनाएँ संकलित.१४ रेडियो नाटकों का आकाशवाणी से प्रसारण. २ हास्य नाटकों का मंच पर कई बार प्रदर्शन. कथाबिम्ब पत्रिका की अखिल भारतीय कहानी प्रतियोगिता में पुरस्कृत . कई संस्थाओं से सम्बद्ध ,. प्रभावी वक्ता . कई कारपोरेट फिल्मों एवं विज्ञापनों  का लेखन. एक ऑडियो एल्बम प्रेम रस भी .
निवास:डी- २०४, संकल्प २, पिंपरी पाडा,फिल्म सिटी रोड , मलाड ईस्ट , मुंबई -४०००९७.
संपर्क:[91] 9821285194, 28407204.

चिठ्ठियां- (लेखनी-जून-2009)







*हरिओम 

चिड़िया  (लेखनी अंक 27-मई 2007)



हेमंत देवलेकर आत्मीय

संपर्क सूत्रः 17, राजेन्द्र नगर, शास्त्री नगर के पीछे, उज्जैन, 456010 ( म.प्र.)

सीधा कटाक्ष ( लेखनी-जनवरी-2010)



* हुल्लड़ मुरादाबादी 

दोस्तों को...(लेखनी-अंक-25- वर्ष-3 -मार्च-2009)



* त्रिशूल कार्तिकेय

आत्मकथ्यः

बीसवीं सदी की शर्मो-हया हूं मैं।

नये-पुराने लोगों में सबसे नया हूं मैं।।

तब रो रहा था कि हवादार था ।

अब हंस रहा हूं इसलिए कि बेहया हूं मैं।। 


1.कविता की स्वर्ण जयन्ती

2.(अ) कवि बनाम दूरदर्शन

3. कुत्ता भिखारी ( लेखनी-अंक-25- वर्ष-3 -मार्च-2009)

4.. सर्कस का सातवां बौना ( लेखनी-अंक-25- वर्ष-3 -मार्च-2009)


* जैन मुनि क्षमासागर

घर (लेखनी अंक 27- अप्रैल-2009)